Election Commission ने राहुल गांधी को दिया अल्टीमेटम, Shivakumar ने ली चुटकी
चुनाव आयोग (EC) ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को एक बार फिर सख्त लहजे में चेतावनी दी है। आयोग ने कहा है कि उनके पास अब भी यह मौका है कि वे या तो एक लिखित शपथ पत्र दें या फिर देश से सार्वजनिक माफी मांगें। यह मामला उनके हालिया भाषण और विवादित बयानों से जुड़ा है, जिन पर विपक्षी दलों और कई संगठनों ने आपत्ति जताई थी।
राहुल गांधी के बयानों को लेकर आयोग ने पहले भी नोटिस भेजा था, लेकिन कांग्रेस नेता ने इसे लेकर कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया नहीं दी। अब EC का कहना है कि अगर तय समय सीमा के भीतर जवाब नहीं मिला, तो इस मामले में कड़ा कदम उठाया जा सकता है। इससे राजनीतिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।
इस पूरे घटनाक्रम में कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार भी कूद पड़े हैं। उन्होंने EC की चेतावनी पर पलटवार करते हुए कहा कि यह राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश है और राहुल गांधी के शब्दों को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है।
शिवकुमार ने मीडिया से बातचीत में कहा, “राहुल गांधी ने हमेशा सच की बात की है। उनके बयानों को गलत संदर्भ में लिया जा रहा है। चुनाव आयोग को निष्पक्ष रहना चाहिए और विपक्ष की आवाज को दबाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।” इस बयान से कांग्रेस समर्थकों में जोश देखा जा रहा है, जबकि बीजेपी ने इसे ढोंग करार दिया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुद्दा आने वाले दिनों में और तूल पकड़ सकता है। एक तरफ राहुल गांधी पर माफी मांगने का दबाव है, तो दूसरी ओर कांग्रेस इसे सेंसरशिप और लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बता रही है।
अब सभी की नजरें राहुल गांधी की अगली चाल पर टिकी हैं। क्या वे आयोग के निर्देश मानकर शपथ पत्र देंगे या माफी मांगेंगे, या फिर टकराव की राह चुनेंगे? इस पर फैसला आने वाले कुछ दिनों में साफ हो जाएगा, लेकिन इतना तय है कि सियासी पारा और चढ़ने वाला है।